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एक रिश्ता - बड़ा अनाम
एक रिश्ता - बड़ा अनाम सोचता हूँ दूं - उसे कोई अच्छा सा नाम . सावन सा उमड़ता - घुमड़ता रीझता हो . खिजाता हो - खीजता हो . ...
क्षणिकाएं
लो आ रही थी जिनकी याद वो भी आ गए . अल्लाह मेहरबान है कुछ हमपे आजकल . बदनाम हूँ तो क्या जरा मशहूर तो हुआ पैमाने भरे देख कुछ - सुरूर तो ...
जिन्दगी बस गीत है क्या
जिन्दगी बस गीत है क्या - ये मधुर संगीत है क्या . जाम हाथो में सजा कर - विरह मन की यूँ बढ़ा कर. जिन्दगी कटती नहीं - यूँ गीत गाकर गुनगु...
Wednesday, June 1, 2011
हमारा भी धर्म है
हमारा भी धर्म है -चाहे बोटी-रोटी रुमाली मत दो
हाँ जी हम कुत्ते हैं - पर गद्दार को ये गाली मत दो .
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